6 मार्च 2016 - 06:55
हिज़्बुल्लाह को आतंकवादी घोषित करना आलोचनीय है।

इस्लामी गणतंत्र ईरान के विदेशमंत्री ने फार्स की खाड़ी सहयोग परिषद द्वारा लेबनान के हिज़्बुल्लाह आंदोलन को आतंकवादी घोषित किये जाने पर कहा है कि इससे केवल ज़ायोनी शासन को खुशी होगी किंतु पूरा अरब जगत इससे घृणा करेगा।

 इस्लामी गणतंत्र ईरान के विदेशमंत्री ने फार्स की खाड़ी सहयोग परिषद द्वारा लेबनान के हिज़्बुल्लाह आंदोलन को आतंकवादी घोषित किये जाने पर कहा है कि इससे केवल ज़ायोनी शासन को खुशी होगी किंतु पूरा अरब जगत इससे घृणा करेगा।
विदेश मंत्री जवाद ज़रीफ़ ने शनिवार की शाम माल्टा के अपने समकक्ष के साथ संयुक्त प्रेस कांफ्रेंस में कहा कि हमारे क्षेत्र के कुछ देश और विशेषकर सऊदी अरब, गलत नीतियां अपना कर पूरे क्षेत्र में अशांति फैलाने के लिए प्रयासरत हैं।
उन्होंने कहा कि इस प्रकार की सभी नीतियों का सीधा लाभ इस्राईल को मिलता है।
उन्होंने कहा कि हिज़्बुल्लाह वह एकमात्र संगठन है जो इस्राईली अतिक्रमण के सामने लेबनान की अखंडता की रक्षा करने और अतिक्रमणकारियों को लेबनान से खदेड़ने में सफल हुआ है इस लिए एेसे संगठन को आतंकवादी घोषित करना आलोचनीय है।
याद रहे 6 अरब देशों के संगठन फार्स की खाड़ी सहयोग परिषद ने लेबनान के इस्लामी प्रतिरोध आंदोलन हिज़्बुल्लाह का नाम आतंकवादियों की लिस्ट में डाल दिया है।
विदेशमंत्री ने इसी प्रकार कहा कि इतिहास में पहली बार ईरान, माल्टा के विदेशमंत्री का मेज़बान बना है और माल्टा युरोपीय संघ का एक सदस्य है जो अगले साल इस संघ का प्रमुख बनने वाला है और चूंकि इसी दौरान अमरीका में राष्ट्रपति का चुनाव होेने वाला है इस लिए परमाणु सहमति के पालन के सदंर्भ में युरोपीय संघ का विशेष दायित्व बनता है।